
उदयपुर | शाबाश इंडिया।
कुछ आवाज़ें वक्त के साथ धुंधली नहीं पड़तीं, बल्कि हर गुजरते साल के साथ दिल के और करीब आती जाती हैं। ग़ज़ल की दुनिया में जगजीत सिंह ऐसी ही आवाज़ का नाम हैं। दर्द को नज़ाकत, मोहब्बत को सादगी और जिंदगी की गहराइयों को सुरों में पिरोने वाले महान ग़ज़ल गायक की 15वीं पुण्यतिथि पर उदयपुर में एक बार फिर उनकी यादों और सुरों की महफिल सजेगी।
ग़ज़ल अकादमी, उदयपुर की ओर से 8 अक्टूबर 2026 को ‘एहसास-ए-जगजीत’ संगीत संध्या का आयोजन अशोका ग्रीन पैलेस, 100 फीट रोड पर किया जाएगा। कार्यक्रम शाम 6:30 बजे से शुरू होगा, जबकि मुख्य संगीत प्रस्तुतियां शाम 7 बजे से होंगी। अशोका ग्रीन के मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश माधवानी ने आयोजन के लिए स्थल साझेदारी की है।
यह शाम महज जगजीत सिंह को याद करने तक सीमित नहीं होगी, बल्कि उनकी ग़ज़लों में बसे प्रेम, विरह, तन्हाई और जिंदगी के तमाम एहसासों को फिर से महसूस करने का अवसर बनेगी। उनकी अमर रचनाओं से कई पीढ़ियों के श्रोता आज भी गहरे तौर पर जुड़े हुए हैं।
ग़ज़ल अकादमी के सचिव डॉ. देवेंद्र सिंह हिरन ने बताया कि संगीत संध्या में डॉ. अरविंद आशिया, भूपेंद्र पंवार, विशाल राठौड़, मारीशा दीक्षित, निधि शर्मा शाह, सुमित मंडल, मनीषा पंवार (इंदौर) और हिमांक गांधर्व जगजीत सिंह की लोकप्रिय एवं कालजयी ग़ज़लों को अपने-अपने अंदाज में प्रस्तुत करेंगे।
गायकों को संगीत की संगत विजय धांधड़ा, हरि ओम तिवारी, दीपेश गांधर्व, हर्ष वर्धन और राजू राजस्थानी देंगे। वहीं कार्यक्रम का संचालन रश्मीत कौर करेंगी।
अकादमी अध्यक्ष डॉ. जे.के. तायलिया ने कहा कि यह आयोजन उस महान कलाकार के प्रति संगीत जगत की कृतज्ञता का भाव है, जिन्होंने ग़ज़ल को महफिलों की सीमाओं से निकालकर आम श्रोता के दिल तक पहुंचाया। संरक्षक डॉ. प्रेम भंडारी ने बताया कि ‘एहसास-ए-जगजीत’ का उद्देश्य उदयपुर की नई और उभरती संगीत प्रतिभाओं को प्रतिष्ठित मंच उपलब्ध कराना भी है।
संगीत प्रेमियों के लिए कार्यक्रम में प्रवेश निःशुल्क रहेगा। 8 अक्टूबर की शाम उदयपुर में ग़ज़लों के साथ जगजीत सिंह की वह मधुर स्मृति भी जीवंत होगी, जिसे उनकी मखमली आवाज़ ने संगीत प्रेमियों के दिलों में हमेशा के लिए बसा दिया है।
रिपोर्ट: राकेश शर्मा ‘राजदीप’


