जयपुर/शाबाश इंडिया।

अति हर्ष का विषय है कि आचार्य 108 श्री कुशाग्र नंदी जी महाराज एवं पारस विहार, मुहाना मंडी तथा आसपास की सभी कॉलोनियों के साधर्मी बंधुओं के पुण्योदय से आचार्य 108 श्री विराग सागर जी महाराज एवं पट्टाचार्य 108 श्री विशुद्ध सागर जी महाराज के परम प्रभावी शिष्य मुनि श्री विश्व विजय सागर जी महाराज का वर्षायोग 2026 पारस विहार, मुहाना मंडी स्थित श्री चिंता मणि पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर परिसर में होना सुनिश्चित हुआ है।
मुनि श्री गिरनार जी सिद्ध क्षेत्र से मंगल विहार करते हुए 12 जुलाई को प्रातः 8 बजे टोंक पहुंचे। चातुर्मास हेतु श्रीफल अर्पित करने के लिए मंदिर समिति एवं साधर्मी बंधु प्रातः 7:30 बजे मंदिर परिसर से टोंक पहुंचे, जहां सभी की सहभागिता से मुनि श्री को चातुर्मास 2026 के लिए श्रीफल भेंट किया गया।

मुनि श्री का वर्षायोग हेतु भव्य मंगल प्रवेश आगामी 22 जुलाई को श्री चिंता मणि पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर, पारस विहार, मुहाना मंडी, जयपुर में प्रस्तावित है।
उपाध्यक्ष धर्मेंद्र गोदीका ने बताया कि 14 जुलाई को प्रातः 5 बजे गुन्सी से विहार कर मुनि श्री चाकसू पहुंचेंगे, जहां आहारचर्या संपन्न होगी। इसके पश्चात सायंकाल 5 बजे चाकसू से विहार करते हुए पदमप्रभु जैन मंदिर अतिशय क्षेत्र पदमपुरा पहुंचेंगे। मुनि श्री का चार दिवसीय प्रवास पदमपुरा में रहेगा।
उन्होंने बताया कि 13 जुलाई को प्रातः अभिषेक एवं शांतिधारा का पुण्य लाभ राकेश-समता गोदीका (शाबाश इंडिया), अशोक सेठी (श्रीजी नगर, दुर्गापुरा) एवं पवन कुमार-सरोज गोदीका परिवार को प्राप्त हुआ।
चातुर्मास आयोजन को लेकर पारस विहार एवं आसपास के क्षेत्रों में श्रद्धालुओं में उत्साह का वातावरण है। समाजबंधु मुनि श्री के मंगल आगमन एवं वर्षायोग को सफल बनाने के लिए तैयारियों में जुटे हुए हैं।


