जयपुर। सेवा के लिए समर्पित महिलाओं का संगठन रत्नत्रय महिला जागृति संघ, जयपुर ने पारस विहार जैन मंदिर, मुहाना मंडी में आचार्य सुंदर सागर महाराज के मंगल आगमन और मंदिर जी में 64 ऋद्धि विधान के आयोजन के दौरान महिला उद्योग सहयोग को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए संघ की महिलाओं की आत्मनिर्भरता और व्यावसायिक प्रगति के लिए एक सशक्त मंच प्रदान किया। संघ की संस्थापक शालू बाकलीवाल माधोराजपुरा वाले ने बताया कि संघ द्वारा इस अवसर पर एक विशेष सूचना केंद्र स्थापित किया गया, जिसके माध्यम से:’महिला उद्योग सहयोग कार्यक्रम’ के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। इसका लक्ष्य उन जैन महिलाओं को मार्गदर्शन और समर्थन देना था, जो घर बैठे व्यवसाय शुरू करना चाहती हैं या अपने कौशल को बढ़ाना चाहती हैं।
इसके अतिरिक्त, संघ से जुड़ी गृह उद्योग की महिलाओं को अपने हस्तनिर्मित उत्पादों की बिक्री और प्रदर्शन के लिए डिस्प्ले स्टॉल निःशुल्क उपलब्ध कराए गए, जिससे उनकी औद्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहन दिया। इस मौके पर राजस्थान जैन सभा जयपुर के उपाध्यक्ष विनोद जैन कोटखावदा, कार्यकारिणी सदस्य चेतन जैन निमोडिया, अशोक जैन सहित बड़ी संख्या में गण मान्य श्रेष्ठी एवं संघ की सदस्याऐं शामिल हुई। संघ की यह पहल धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों के साथ-साथ महिलाओं की औद्योगिक गतिविधियों को प्रबल करने के उनके लक्ष्य को दर्शाती है। संघ ने अपनी सक्रिय भागीदारी से यह संदेश दिया कि वह महिलाओं के शैक्षणिक, आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है। संघ की सदस्याओं ने इस पहल को सफल बनाने के लिए सभी की समय पर उपस्थिति और सहयोग के प्रति आभार व्यक्त किया।


