हनुमानगढ़ | शाबाश इंडिया

पुलिस मुख्यालय राजस्थान, जयपुर के निर्देशानुसार महिला सुरक्षा, महिला सशक्तिकरण एवं जनजागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 1 जुलाई से 29 जुलाई 2026 तक प्रदेशभर में जिला स्तरीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में शुक्रवार को जिला पुलिस हनुमानगढ़ द्वारा सेंट्रल पार्क में “महिला सुरक्षा संकल्प कार्यक्रम – संवाद एवं सम्मान समारोह” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीणा (आईपीएस) ने की।
कार्यक्रम की शुरुआत में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (SIUCAW) राज कंवर ने महिला सुरक्षा अभियान की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने राजकॉप सिटीजन ऐप, महिला गरिमा हेल्पलाइन 1090, आपातकालीन सेवा 112, साइबर हेल्पलाइन 1930, वन स्टॉप सेंटर, POSH Act (विशाखा गाइडलाइन), She-Box, POCSO e-Box, Senior Not Alone योजना तथा महिला बीट अधिकारी योजना सहित अन्य सुरक्षा उपायों की विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने महिलाओं से अपने मोबाइल फोन में राजकॉप सिटीजन ऐप डाउनलोड करने की अपील करते हुए बताया कि ऐप में उपलब्ध SOS फीचर के माध्यम से आपात स्थिति में एक क्लिक पर पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना और लोकेशन भेजी जा सकती है, जिससे 112 पुलिस रिस्पांस वाहन तत्काल सहायता के लिए मौके पर पहुंचता है। इसके अलावा शिकायत दर्ज कराने, शिकायत की प्रगति जानने, किरायेदार एवं घरेलू सहायक सत्यापन तथा चरित्र सत्यापन जैसी सेवाओं की भी जानकारी दी गई।
महिला बीट अधिकारी योजना के बारे में बताते हुए कहा गया कि कई बार महिलाएं पुरुष पुलिस अधिकारियों के सामने अपनी समस्याएं खुलकर नहीं रख पाती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक थाना क्षेत्र में महिला बीट अधिकारियों की नियुक्ति की जा रही है, ताकि महिलाएं बिना संकोच अपनी शिकायत दर्ज करा सकें और उन्हें संवेदनशील एवं त्वरित सहायता मिल सके।
कार्यक्रम में कालिका पेट्रोलिंग यूनिट की कार्यप्रणाली से भी अवगत कराया गया। बताया गया कि जिले में वर्तमान में नौ कालिका पेट्रोलिंग यूनिट कार्यरत हैं, जिनमें हनुमानगढ़ जंक्शन और हनुमानगढ़ टाउन में तीन-तीन तथा रावतसर, नोहर और भादरा में एक-एक यूनिट संचालित है। ये यूनिट स्कूल, कॉलेज, कोचिंग संस्थान, बाजार, पार्क और अन्य भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में नियमित गश्त कर महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करती हैं।
महिलाओं एवं बालिकाओं को आत्मरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए संतोष ढाका (उप निरीक्षक) और गायत्री चौधरी (सहायक उप निरीक्षक) के निर्देशन में आत्मरक्षा का लाइव प्रदर्शन किया गया। मास्टर ट्रेनर इन्द्रा (हेड कांस्टेबल) ने विभिन्न आत्मरक्षा तकनीकों का प्रदर्शन किया। इस दौरान मूक-बधिर बालिका सुश्री संगीता ने भी आत्मरक्षा का प्रेरक प्रदर्शन कर उपस्थित लोगों का उत्साहवर्धन किया। वह पिछले चार वर्षों से आत्मरक्षा प्रशिक्षण प्राप्त कर रही हैं और अन्य बालिकाओं के लिए प्रेरणा बनी हुई हैं।
कार्यक्रम के दौरान साइबर सेल प्रभारी श्री वाहे गुरु (एएसआई) एवं साइबर थाना की प्रोग्रामर रिंकल गर्ग ने साइबर अपराधों, डिजिटल अरेस्ट, ऑनलाइन बैंकिंग फ्रॉड, फर्जी निवेश योजनाओं, सोशल मीडिया ठगी, ओटीपी एवं केवाईसी फ्रॉड से बचाव के उपाय बताए। उन्होंने मोबाइल सुरक्षा, टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन, मजबूत पासवर्ड के उपयोग तथा साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी।
इस अवसर पर Senior Not Alone योजना की जानकारी भी दी गई, जिसके तहत अकेले रहने वाले वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और आवश्यक सहायता के लिए पुलिस समय-समय पर उनसे संपर्क करती है।
कार्यक्रम के दौरान समाज सेवा, महिला सशक्तिकरण, शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, सामाजिक जागरूकता और सुरक्षा सहित विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली 38 महिलाओं को प्रशस्ति-पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
अपने अध्यक्षीय संबोधन में जिला पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीणा ने कहा कि महिला सुरक्षा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि जागरूकता ही सुरक्षा का सबसे प्रभावी माध्यम है और प्रत्येक महिला एवं बालिका को अपने अधिकारों, कानूनों, हेल्पलाइन सेवाओं और तकनीकी संसाधनों की जानकारी होनी चाहिए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर वे बिना किसी संकोच के पुलिस की सहायता ले सकें। उन्होंने सभी नागरिकों से महिलाओं के प्रति सम्मानजनक व्यवहार अपनाने और सुरक्षित एवं संवेदनशील समाज के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अरविंद बिश्नोई, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (SIUCAW) राज कंवर, वृताधिकारी (सिटी) मीनाक्षी, महिला थाना प्रभारी रजनदीप कौर, पुलिस निरीक्षक एवं थाना प्रभारी हनुमानगढ़ जंक्शन रामचन्द्र कस्वा सहित पुलिस विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन राजकीय विद्यालय मानुका की वाइस प्रिंसिपल सरिता राघव ने किया।
कार्यक्रम में महिला वॉलंटियर्स, सुरक्षा सखी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, आशा सहयोगिनी, राजीविका समूह की सदस्य, स्वयंसेवी संस्थाओं (एनजीओ) के प्रतिनिधि, शिक्षिकाएं, छात्राएं, गृहिणियां तथा बड़ी संख्या में नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए महिला सुरक्षा के प्रति जागरूकता का संकल्प लिया।


