-संभाग का पहला विश्वविद्यालय बना, एआई आधारित प्रवेश सहायता की अनूठी पहल
उदयपुर। भटेवर स्थित सर पदमपत सिंघानिया यूनिवर्सिटी ने शैक्षणिक सत्र 2026–27 में प्रवेश से संबंधित जानकारी विद्यार्थियों तक सहज रूप से पहुंचाने के लिए इन-हाउस विकसित एआई रोबोट ‘आईरा’ को लॉन्च किया गया। इस तरह का रोबोट लॉन्च करने वाला यह संभाग का एकमात्र विश्वविद्यालय बन गया है। यह पहल विश्वविद्यालय की नवाचार, डिजिटल परिवर्तन, उद्योग-संरेखित शिक्षा एवं छात्र-केंद्रित सेवाओं के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
विश्वविद्यालय के वाइस चांसलर डॉ. पृथ्वी यादव ने शनिवार को भटेवर में प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि औद्योगिक आधारित पाठ्यक्रम प्रारंभ करने का उद्देश्य छात्रों के करियर को नई दिशा देना और देश के विकास में योगदान सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2026–27 के लिए प्रवेश प्रारंभ हो चुके हैं।
प्रो वाइस चांसलर प्रो. प्रसून चक्रवर्ती ने बताया कि ‘आईरा’ जैसे दो रोबोट विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने सीमित संसाधनों में रात-दिन परिश्रम कर तैयार किए हैं, जो एआई तकनीक की दिशा में छात्रों की बढ़ती दक्षता को दर्शाता है। यह रोबोट संभावित विद्यार्थियों को रियल-टाइम में प्रवेश संबंधी जानकारी प्रदान करता है।
डॉ. पृथ्वी यादव ने प्लेसमेंट की जानकारी देते हुए बताया कि गत वर्ष विश्वविद्यालय में 100 प्रतिशत प्लेसमेंट हुआ था, जबकि इस वर्ष अब तक 70 प्रतिशत प्लेसमेंट हो चुका है। छात्रों को विभिन्न क्षेत्रों में आकर्षक पैकेज प्राप्त हुए हैं, जो उद्योग-संरेखित अकादमिक ढांचे और सशक्त कॉर्पोरेट सहयोग का प्रमाण है।
उन्होंने बताया कि कौशल विकास को सुदृढ़ करने के लिए बजाज ऑटो के सहयोग से कौशल एवं व्यावसायिक केंद्र विकसित किया गया है, जिसके अंतर्गत सर्विस टेक्नीशियन एक्सीलेंस प्रोग्राम संचालित हो रहा है।
रजिस्ट्रार प्रो. उदयप्रकाश आर. सिंह ने बताया कि एसपीएसयू का कैंपस सतत विकास की अवधारणा पर आधारित है। पर्यावरण संरक्षण हेतु साइकिल, ई-रिक्शा एवं सीएनजी बसों का उपयोग किया जा रहा है। आगामी सत्र से एलएलएम पाठ्यक्रम भी प्रारंभ किया जाएगा।
रजिस्ट्रार प्रो. यू.आर. सिंह ने बताया कि नए सत्र से एलएलएम पाठ्यक्रम प्रारंभ किया जा रहा है। साथ ही बजाज ऑटो के सहयोग से सर्विस टेक्नीशियन एक्सीलेंस प्रोग्राम के अंतर्गत कौशल एवं व्यावसायिक केंद्र विकसित किया गया है।
डीन इंजीनियरिंग प्रो. अमित गोयल ने बताया कि एसपीएसयू उदयपुर का पहला सतत (सस्टेनेबल) कैंपस बन गया है। इसी क्रम में 2 फरवरी 2026 को ‘पाथ टू सस्टेनेबिलिटी: स्ट्रैटेजी एंड इम्प्लीमेंटेशन’ विषय पर कॉन्क्लेव आयोजित होगा, जिसमें ‘भारत के वाटरमैन’ डॉ. राजेंद्र सिंह मुख्य अतिथि होंगे।
कॉन्क्लेव में 16 प्रतिष्ठित संगठनों के सीईओ व संस्थापक भाग लेंगे। प्रो. आशुतोष गुप्ता ने बताया कि एसपीएसयू नवाचार, उद्योग सहयोग, कौशल आधारित शिक्षा और सततता पर केंद्रित पहलों के माध्यम से भविष्य के लिए तैयार पेशेवरों का निर्माण कर रहा है।
एसपीएसयू कैंपस का विकास पूर्णतः सततता की अवधारणा पर आधारित है। विश्वविद्यालय द्वारा व्यापक हरित पहलें अपनाई गई हैं तथा सफलतापूर्वक ग्रीन ऑडिट भी संपन्न कराया गया है, जो पर्यावरण संवेदनशील एवं सतत कैंपस प्रथाओं के प्रति विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता को पुनः स्थापित करता है।
इस अवसर पर कैंपस डायरेक्टर कर्नल एस.पी. सिंह, डीन इंजीनियरिंग प्रो. अमित गोयल, प्रो. नवीन कुमार; डिप्टी डीन, इंटीग्रेटेड टेक्नोलॉजी, डॉ. आशुतोष गुप्ता एवं डॉ. आनंद ए. भास्कर सहित विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। प्रेस कॉन्फ्रेंस का संयोजन प्रो. नवीन कुमार द्वारा किया गया।
रिपोर्ट/फोटो राकेश शर्मा ‘राजदीप’


