साधुओं के विश्राम के लिए भवन निर्माण अभय दान अंतर्गत आता हैं: आचार्य श्री वर्धमान सागर जी
टोंक। देव शास्त्र गुरु हमारे आराध्य हैं ,उनकी अर्चना, पूजा ,भक्ति करना चाहिए जिनवाणी के सामने चार पुंज चढ़ाते हैं ।यह भक्ती ह्रदय में हमेशा बनी रहना चाहिए।यह परिवार साधु सेवा भक्ति में वर्षों पूर्व समर्पित हैं आज अशोका अधिकृत सर्विस सेंटर पर संत निवास हेतु भवन का लोकार्पण होकर श्री जी ओर संघ ने प्रवेश किया हैं। संघ चैत्यालय के श्री का अभिषेक हुआ ।साधुओं के रुकने के लिए भवन का निर्माण अभय दान की श्रेणी में आता है। भवन निर्माण का उद्देश्य यही है कि साधु इस हाइवे राष्ट्रीय राजमार्ग पर विश्राम हेतु रुक कर संयम साधना कर सके। हम साधु भी रत्नत्रय सम्यक दर्शन, ज्ञान,और चारित्र के मोक्ष मार्ग के हाइवे पर चलते हैं। यह मंगल देशना पंचम पट्टाधीश आचार्य श्री वर्धमान सागर जी ने बरौनी में अशोका सर्विस सेंटर पर नव निर्मित आचार्य श्री वर्धमान सागर संत भवन के लोकार्पण अवसर पर आयोजित धर्म सभा में प्रगट की। राजेश पंचोलिया एवं गजराज लोकेश अनुसार आचार्य श्री ने उपदेश में आगे बताया कि अनेक संत टोंक से निवाई जाते हैंअथवा टोंक से शिवाड़ की ओर जाते हैं उनके लिए उपयुक्त स्थान पर संत भवन का निर्माण सभी के लिए अनुकरणीय है। संत भवन निर्माण पुण्यार्जक गंभीरमल परिवार द्वारा दोपहर को आचार्य श्री वर्धमान सागर जी के चरण प्रक्षालन कर पूजन की गई ।
पूजन आर्यिका श्री महायश मति जी ने संपन्न कराई तपस्या का अद्भुत चमत्कार
आचार्य श्री वर्धमान सागर जी संघ की आहार चर्या के समय अद्भुत चमत्कार हजारों की भीड़ ने देखा। सर्विस सेंटर पर 7 से अधिक मधुमक्खी के बड़े बड़े छत्ते लगे हैं कोयले की अंगीठी पर आहार बनाया गया धुआं भी हुआ किंतु आचार्य श्री की 57 वर्षों की संयमी तपस्या का प्रभाव रहा कि साधुओं सहित किसी भी भक्तों को मधुमक्खियों ने परेशान नहीं किया। आज वानर भी अधिक थे उन्होंने भी आहार में बाधा नहीं की।पीपलदा पंच कल्याणक हेतु राजकीय अतिथि आचार्य श्री वर्धमान सागर जी महाराज का बरौनी से शिवाड़ की ओर मंगल विहार हुआ।आचार्य श्री वर्धमान सागर जी के साथ मुनि श्री हितेंद्र सागर जी,श्री चिंतन सागर जी ,श्री भुवन सागर जी, आर्यिका श्री विन्रममति , आर्यिका श्री प्रणतमति, आर्यिका श्री निर्मोहमति कुल 7 साधुओं सप्त ऋषियों ने मंगल विहार किया शेष संघ के 26 साधुओं ने निवाई के लिए 17 को विहार किया 18 को निवाई प्रवेश होगा 17 को आचार्य संघ 6.5 km विहार कर मां भारती पब्लिक स्कूल पराना में रात्रि विश्राम होगा।18 की आहार चार्य 1.4 km विहार कर दिगम्बर जैन मंदिर पराना में होगी।


