आज से नवरात्रि शुरू हो रही है। इस बार नवरात्रि 10 दिनों की रहेगी, क्योंकि चतुर्थी तिथि दो दिन तक रहेगी। दुर्गाष्टमी 31 सितंबर और महानवमी 1 अक्टूबर को रहेगी। 2 तारीख को दशहरा मनेगा। नवरात्रि के पहले दिन घट (कलश) स्थापना की जाती है। इसके लिए दिनभर में 6 मुहूर्त रहेंगे।
प्रातःकाल व अभिजित मुहूर्त
प्रातःकाल का मुहूर्त: सुबह 06:09 से 08:06 बजे तक
अभिजित मुहूर्त: सुबह 11:49 से दोपहर 12:38 बजे तक
इन समयों को घटस्थापना के लिए सर्वोत्तम माना जा रहा है।
घटस्थापना के चौघड़िया मुहूर्त
अमृत (सर्वोत्तम): 06:09 से 07:40 बजे तक
शुभ (उत्तम): 09:11 से 10:43 बजे तक
लाभ (उन्नति): 03:16 से 04:47 बजे तक
अमृत (सर्वोत्तम): 04:47 से 06:18 बजे तक
इन चौघड़िया कालों में भी घटस्थापना करना शुभ फलदायी रहेगा।
इस बार नवरात्रि के पहले दिन दो अत्यंत प्रभावशाली और मंगलकारी योग भी बन रहे हैं – शुक्ल योग और ब्रह्म योग। ज्योतिषीय दृष्टिकोण से ये योग अत्यधिक शुभ माने जाते हैं। ऐसी मान्यता है कि इन योगों में प्रारंभ की गई पूजा या साधना साधक को जीवन में सफलता, यश, धन और सौभाग्य प्रदान करती है। शारदीय नवरात्रि न केवल धार्मिक परंपरा है, बल्कि यह आत्मिक शुद्धि और साधना का समय भी है। देवी के चरणों में समर्पण और अनुशासनपूर्वक की गई पूजा व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाती है। इसलिए घटस्थापना जैसे मूल संस्कार को सही समय और श्रद्धा से करना नवरात्रि की संपूर्ण साधना को सफल बनाने की दिशा में पहला और सबसे आवश्यक कदम होता है।


